FASTag Mandatory: जानें क्या है FASTag, वाहनों के लिए क्यों है अनिवार्य- Watch Video

29 Dec, 2020

FASTag Mandatory: केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने हाल ही में घोषणा किया कि 01 जनवरी 2021 से देश में सभी वाहनों के लिए फास्‍टैग (FASTag) को अनिवार्य किया जा रहा है. केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने डिजिटल पेमेंट को बढ़ावा देने हेतु 01 जनवरी से हर वाहनों पर फास्टैग (FASTags) लगाना अनिवार्य कर दिया है. टोल प्लाजा पर वाहन मालिकों से कैश पेमेंट लेने में काफी समय बर्बाद होता है साथ ही हाइवे पर जाम की स्थिति भी बन जाती है. इन सभी दिक्कतों से बचने के लिए नये साल से फास्टैग अनिवार्य कर दिया गया है. 

FASTag क्या है? 

FASTag एक टैग और स्टिकर है जिसे कार में आगे की तरफ लगाया जाता है. वहीं हाईवे पर टोल प्लाजा पर लगे स्कैनर गाड़ी पर लगे स्टीकर से डिवाइस रेडियो फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन (RFID) टेकनीक के जरिए स्कैन कर लेते हैं और जगह के हिसाब से पैसे अपने आप बैंक अकाउंट से वसूल लिए जाते हैं. ये काफी सुविधाजनक है. इसके माध्यम से गाड़ी को टोल पर रोकने की जरूरत नहीं पड़ती है. यदि फास्टैग किसी प्रीपेड अकाउंट या फिर डेबिट/क्रेडिट कार्ड से लिंक नहीं है तो आपको इसे रिचार्ज कराना होगा. 

कहां से मिलेगा FASTag स्टीकर

भारत के कई सरकारी और प्राइवेट बैंको से फास्टैग स्टीकर खरीद सकते हैं. इनमें स्टेट बैंक ऑफ़ इंडिया , आईसीआईसीआई, एक्सिस बैंक, एचडीएफसी आदि बैंक शामिल हैं. इसके साथ ही आप बड़े पेट्रोल पंप से भी फास्टैग प्राप्त कर सकते हैं.

FASTag  के दस्तावेज 

फास्टैग खरीदने के लिए आपको ड्राइविंग लाइसेंस की फोटो कॉपी और वाहन के रजिस्ट्रेशन की जरूरत होगी. वहीं आप फोटो आईडी के तौर पर आधार कार्ड, पासपोर्ट या पैन कार्ड का इस्तेमाल कर सकते हैं.

FASTag कीमत

फास्टटैग की कीमत ज्यादा नहीं है. एनएचएआई के अनुसार फास्टटैग की कीमत 200 रूपये है. इसे कम से कम 100 रूपये से रिचार्ज कराना होगा. जब तक फास्टटैग स्कैनर पर स्कैन करेगा तब तक यह फास्टटैग काम करता रहेगा.

 



 

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